फिर अंगारे पर तपा लें. ऐसा करने से जिसके लिए यह उपाय किया गया है, वह वश में हो जाता है. इसीलिए इनके विसर्जन को लेकर ध्यान रखें. हे गौरी शंकरार्धांगिं! यथा त्वं शंकरप्रिया। यक्ष राक्षस भैरव बेताल ग्रह राक्षसादिकम क्षणेन हन हन भंजय भंजय मारय मारय Maintain regularity.Regularity is https://vashikaran00987.angelinsblog.com/32979981/indicators-on-free-vashikaran-you-should-know